BMW–TVS साझेदारी का जिक्र, भारत की इंजीनियरिंग पर क्या कहा राहुल गांधी ने ?
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी Germany दौरे पर म्यूनिख पहुंचे, जहां उन्होंने BMW वेल्ट और प्लांट का निरीक्षण किया। राहुल गांधी ने कहा कि मजबूत अर्थव्यवस्थाओं की रीढ़ मैन्युफैक्चरिंग है और भारत में इसके सुदृढ़ीकरण की जरूरत है। उन्होंने BMW–TVS साझेदारी से बनी 450 सीसी मोटरसाइकिल को भारतीय इंजीनियरिंग का उदाहरण बताया। जर्मनी में राहुल गांधी BMW गतिविधियों पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा ने आपत्ति जताई। भाजपा सांसद संबित पात्रा ने कहा कि संसद सत्र के दौरान विदेश यात्रा और टिप्पणियों में जिम्मेदारी अपेक्षित है।

Rahul Gandhi Germany दौरा: म्यूनिख में BMW प्लांट और विनिर्माण पर संदेश
कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी Germany यात्रा के दौरान म्यूनिख स्थित BMW वेल्ट और BMW प्लांट पहुंचे। दौरे का उद्देश्य वैश्विक विनिर्माण मॉडल को समझना और भारत की औद्योगिक दिशा पर सार्वजनिक विमर्श रखना रहा।
BMW संयंत्र में भारतीय साझेदारी का उल्लेख
राहुल गांधी ने BMW–TVS साझेदारी से विकसित 450 सीसी मोटरसाइकिल को भारतीय इंजीनियरिंग की क्षमता का उदाहरण बताया। उन्होंने BMW वेल्ट में विश्वस्तरीय मैन्युफैक्चरिंग प्रक्रियाओं को देखा और उत्पादन-आधारित विकास पर जोर दिया। Rahul Gandhi BMW संदर्भ में यह संदेश रोजगार सृजन और गुणवत्ता उत्पादन से जोड़ा गया।
विनिर्माण, रोजगार और नीति पर फोकस
राहुल गांधी ने कहा कि मजबूत अर्थव्यवस्थाओं की बुनियाद मैन्युफैक्चरिंग होती है। विकास की रफ्तार बढ़ाने के लिए व्यापक मैन्युफैक्चरिंग ईकोसिस्टम और बड़े पैमाने पर गुणवत्तापूर्ण नौकरियां जरूरी हैं। इस संदर्भ में Rahul Gandhi Germany दौरा नीति बहस को फिर सक्रिय करता है।
भाजपा की प्रतिक्रिया और संसदीय संदर्भ
भाजपा सांसद संबित पात्रा ने संसद सत्र के दौरान विदेश यात्रा और बयानों में जिम्मेदारी का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता की भूमिका विशेष सावधानी की अपेक्षा करती है। राहुल गांधी की बार-बार विदेश यात्राएं और विदेशी धरती से भारत का अपमान करना यह दिखाता है कि राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी के मन में भारत के लिए क्या भावनाएं हैं।राहुल और ज़िम्मेदारी कभी साथ नहीं चल सकते। जब भी वह विदेश जाते हैं, वह संसद और भारत का अपमान करते हैं।
क्यों अहम है यह खबर
यह यात्रा भारत के विनिर्माण, वैश्विक साझेदारियों और रोजगार नीति पर सार्वजनिक चर्चा को तेज करती है। Rahul Gandhi Germany दौरा उद्योग, नीति और राजनीतिक जिम्मेदारी—तीनों आयामों पर असर डालता है।


