कब जागेगा प्रशासन? बराहपुर गांव आज भी बुनियादी सुविधाओं से वंचित क्यों !
सिद्धार्थनगर जिले के मिठवल ब्लॉक की ग्राम पंचायत बराहपुर में बुनियादी सुविधाओं के अभाव को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश सामने आया है। आज़ादी के दशकों बाद भी गांव में पक्की सड़क, नाली और जलनिकासी नहीं है। बारिश में घुटनों तक पानी भर जाता है, जिससे स्कूली बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को भारी परेशानी होती है। ग्रामीणों ने कई बार शिकायत की, पर सुनवाई नहीं हुई।खंड विकास अधिकारी ने जांच का आश्वासन दिया है।

बराहपुर गांव में विकास के दावों की खुली पोल
सिद्धार्थनगर जनपद के मिठवल ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत बराहपुर में बुनियादी सुविधाओं के अभाव ने सरकारी विकास दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आज़ादी के कई दशक बीतने के बावजूद गांव अब भी सड़क, नाली और जलनिकासी जैसी मूलभूत सुविधाओं से वंचित है।
बारिश में बिगड़ते हालात, जनजीवन प्रभावित
ग्रामीण महेंद्र पांडे, रामेश्वरम, धर्मेंद्र आदि के अनुसार बरसात के दिनों में गांव की गलियों में घुटनों तक पानी भर जाता है। इससे स्कूली बच्चों का विद्यालय जाना कठिन हो जाता है, जबकि बुजुर्गों और महिलाओं को इलाज व दैनिक जरूरतों के लिए बाहर निकलने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

शिकायतों के बावजूद नहीं हुई सुनवाई
ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने कई बार संबंधित अधिकारियों और ग्राम प्रधान से समस्या के समाधान की मांग की, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
ग्राम प्रधान पर धमकी देने का आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि विकास कार्यों की मांग करने पर ग्राम प्रधान कथित तौर पर धमकी देते हैं और राजनीतिक टिप्पणी कर काम न कराने की बात कहते हैं, जिससे गांव में भय का माहौल बना हुआ है।
बीडीओ ने जांच का दिया आश्वासन
खंड विकास अधिकारी मिठवल सौरभ पांडे ने बताया कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन से कार्रवाई की उम्मीद
फिलहाल बराहपुर के ग्रामीण प्रशासन की ओर टकटकी लगाए बैठे हैं और सड़क, नाली व जलनिकासी जैसी बुनियादी सुविधाओं की शीघ्र बहाली की मांग कर रहे हैं।


